म्लेच्छों का राज होगा
हालांकि ऐसा तो पिछले सैकड़ों वर्षों से हैं। श्रीमद्मभागवत पुराणानुसार... 'सिंधु तट, चंद्रभाग का तटवर्ती प्रदेश, कौन्तीपुरी और कश्मीर मंडल पर प्राय: शूद्रों का संस्कार ब्रह्म तेज से हीन नाममात्र के द्विजों का और म्लेच्छों का राज होगा। सबके सब राजा आचार-विचार में म्लेच्छप्राय होंगे। वे सब एक ही समय में भिन्न-भिन्न प्रांतों में राज करेंगे।' उल्लेखनीय है कि यहां सिर्फ सिंधु नदी के तट की ही बात है।